— यह मॉड्यूल विदेशी तस्करों के साथ मिलकर चलाया जा रहा था: डीजीपी गौरव यादव
— मॉड्यूल के मुख्य सदस्य की पहचान कर ली गई; पुलिस द्वारा उसे पकड़ने के लिए छापेमारी जारी
चंडीगढ़/अमृतसर: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के दिशा-निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए शुरू की गई मुहिम के दौरान काउंटर इंटेलिजेंस (सीआई) अमृतसर ने दो व्यक्तियों को 5 किलोग्राम आईसीई (क्रिस्टल मेथामफेटामाइन) और तीन आधुनिक विदेशी पिस्तौलों समेत गिरफ्तार करके सीमा पार से चलाए जा रहे नशीले पदार्थों एवं अवैध हथियारों की तस्करी के मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है। यह जानकारी आज यहां पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान अमृतसर के गांव चोगावां निवासी सोहन सिंह और अमृतसर के गांव बंडाला निवासी सलीम के रूप में हुई है। बरामद किए गए पिस्तौलों में दो 9 एमएम और एक .30 बोर का पिस्तौल तथा मैगजीन शामिल हैं। इसके अलावा पुलिस टीमों ने उनका स्प्लेंडर मोटरसाइकिल भी जब्त कर लिया है, जिसका इस्तेमाल नशीले पदार्थों की खेप पहुंचाने के लिए किया जा रहा था।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि यह मॉड्यूल कथित तौर पर विदेशी तस्करों के साथ मिलकर चलाया जा रहा था तथा सहयोगियों के माध्यम से नशीले पदार्थों और हथियारों की खेप प्राप्त करके आगे सप्लाई की जाती थी।
इस ऑपरेशन के संबंध में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि सीआई अमृतसर की पुलिस टीमों को संदिग्ध सोहन सिंह और सलीम के अमृतसर के लोपोके रोड पर माता कौलां अस्पताल के निकट अड्डा बाऊली में आईसीई ड्रग और हथियारों की बड़ी खेप की डिलीवरी के संबंध में मिलने की विश्वसनीय सूचना मिली थी। उन्होंने बताया कि इस सूचना पर तुरंत कार्रवाई करते हुए पुलिस टीमों ने इलाके में छापेमारी की और दोनों संदिग्धों को 5 किलोग्राम आईसीई तथा तीन पिस्तौलों समेत गिरफ्तार कर लिया।
डीजीपी ने बताया कि इस मॉड्यूल के मुख्य सदस्य की भी पहचान कर ली गई है और उसे गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस मामले के आगे और पीछे के संबंधों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच जारी है, ताकि इस मॉड्यूल में शामिल अन्य व्यक्तियों की पहचान की जा सके और अवैध नशीले पदार्थों एवं हथियारों की तस्करी के पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके।
इस संबंध में एफआईआर नंबर 55, दिनांक 09-09-2026 को एनडीपीएस एक्ट की धारा 22, 25 और 29 तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत अमृतसर के पुलिस स्टेशन स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल में दर्ज की गई है।























