कनाडा के इमिग्रेशन डिपार्टमेंट ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग के एक साथी को देश से निकालने (डिपॉर्ट करने) का आदेश जारी किया है। 11 जुलाई को जारी किए गए इन आदेशों को कनाडाई पुलिस ने 29 जुलाई को सार्वजनिक किया। पुलिस के अनुसार, आरोपी की पहचान जशनदीप सिंह के तौर पर हुई है। आरोप है कि उसने 19 मई, 2025 को सरे (Surrey) में ‘कपिल शर्मा कैप्स कैफे’ में हुई गोलीबारी की घटना के दौरान हथियार छिपाए थे।
मूल रूप से पंजाबी जशनदीप सिंह 2022 में स्टूडेंट वीज़ा पर कनाडा गया था। पुलिस पूछताछ के दौरान, जशनदीप ने कथित तौर पर माना कि उसके पिता ने उसे लोन लेकर कनाडा भेजा था और उससे गलती हो गई। लॉरेंस गैंग से संबंध होने के कारण इमिग्रेशन एंड रिफ्यूजी बोर्ड ने जशनदीप को अयोग्य घोषित कर दिया और उसे देश से निकालने का आदेश दिया।
कनाडाई पुलिस ने जशनदीप सिंह को एडमोंटन में सक्रिय लॉरेंस गैंग का निचले स्तर का गुर्गा बताया है। जांचकर्ताओं का आरोप है कि जशनदीप सिंह, अर्शदीप सिंह नाम के गैंग के एक मिड-लेवल ऑपरेटिव के अंडर काम करता था, जिसे इस साल की शुरुआत में कनाडा से डिपोर्ट किया गया था। पुलिस के मुताबिक, अर्शदीप, गोल्डी बराड़ को रिपोर्ट करता था, जिसे नॉर्थ अमेरिका में बिश्नोई सिंडिकेट का कथित मुख्य हैंडलर माना जाता है।

























