भारतीय निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्तों, महानिदेशकों और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर मुख्य निर्वाचन अधिकारी, राज्य पुलिस नोडल अधिकारी तथा विभिन्न केंद्रीय और राज्य प्रवर्तन एजेंसियों के साथ एक समीक्षा बैठक की।
इसी दिन ‘फर्स्ट लेवल चेकिंग’ (एफएलसी) कार्यशाला भी आयोजित की गई, जिसका उद्देश्य संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को ईवीएम तथा वीवीपीटीज़ की प्रथम स्तरीय जांच से संबंधित तकनीकी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं का प्रशिक्षण देना था।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी, पंजाब ने बताया कि जिलों में 12 नवंबर से शुरू होने वाली एफएलसी की पूरी प्रक्रिया निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार जिला निर्वाचन अधिकारियों की कड़ी निगरानी में पूर्ण पारदर्शिता के साथ संपन्न की जाएगी।
इस दौरान भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) के विशेषज्ञ इंजीनियरों द्वारा व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया, जिसके बाद मूल्यांकन और शंकाओं के समाधान के लिए एक सत्र आयोजित किया गया। कार्यशाला में जिला निर्वाचन अधिकारियों, अतिरिक्त जिला निर्वाचन अधिकारियों, एफएलसी के नोडल अधिकारियों, मास्टर ट्रेनरों, बीईएल विशेषज्ञों और अन्य संबंधित अधिकारियों ने भाग लिया।
इस दौरान एफएलसी प्रक्रिया को निर्धारित प्रोटोकॉल, पारदर्शिता और पूरी सावधानी के साथ संपन्न करने पर विशेष जोर दिया गया।
एफएलसी कार्यशाला के बाद चुनावी तैयारियों का जायजा लेने के लिए प्रवर्तन एजेंसियों के साथ एक समीक्षा बैठक की गई, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि सभी एजेंसियों की भागीदारी से चुनाव निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराए जाएं।



























