चंडीगढ़: भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने श्री गुरु रविदास जी महाराज के आगामी 650वें प्रकाश पर्व को समर्पित राज्य स्तरीय समारोहों की श्रृंखला के तहत देशभर के प्रमुख आध्यात्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों को श्री खुरालगढ़ साहिब से जोड़ने वाली चार विशाल शोभायात्राएं निकालने का निर्णय लिया है। इसका ऐलान वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने आज किया।
पंजाब भवन में पर्यटन एवं सांस्कृतिक मामलों के मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद और पर्यटन एवं सांस्कृतिक मामले विभाग के सलाहकार दीपक बाली के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि इन विशाल धार्मिक यात्राओं का उद्देश्य श्री गुरु रविदास जी महाराज के सर्वसाझा संदेश और पवित्र बाणी का प्रचार-प्रसार करना है, ताकि अगले वर्ष फरवरी में आने वाले 650वें प्रकाश पर्व से पहले श्रद्धालुओं को श्रद्धा और आपसी सद्भावना के सूत्र में पिरोया जा सके।
राज्यभर में पहले से चल रहे कार्यक्रमों के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पिछले वर्ष शुरू किए गए रोडमैप के तहत श्री गुरु रविदास जी महाराज के दर्शन एवं शिक्षाओं के प्रचार-प्रसार के लिए शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया, “इन बहुआयामी प्रयासों में प्रभावशाली ड्रोन शो, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में अकादमिक सेमिनार, स्कूलों में निबंध प्रतियोगिताएं, गुरु साहिब की पवित्र बाणी पर विचार-चर्चाएं और पंजाबभर के शहरों में लगातार कीर्तन दरबार शामिल हैं, ताकि संगत को गुरु साहिब की दिव्य शिक्षाओं से जोड़ा जा सके।”
आज की उच्च स्तरीय बैठक के दौरान तय किए गए मार्गों की जानकारी देते हुए वित्त मंत्री ने बताया, “पहली शोभायात्रा 30 नवंबर को पवित्र शहर वाराणसी (काशी) से शुरू होगी और कानपुर, दिल्ली, अंबाला, साहिबजादा अजीत सिंह नगर (मोहाली) तथा रूपनगर से होते हुए 3 दिसंबर को श्री खुरालगढ़ साहिब में संपन्न होगी।”
उन्होंने कहा, “दूसरी शोभायात्रा 2 दिसंबर को फरीदकोट से रवाना होगी, जो फिरोजपुर, मोगा, लुधियाना, शहीद भगत सिंह नगर और गढ़शंकर से होते हुए 3 दिसंबर को श्री खुरालगढ़ साहिब पहुंचेगी।”
मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने आगे बताया, “तीसरी शोभायात्रा 1 दिसंबर को बठिंडा से शुरू होकर बरनाला, मानसा, लहरागागा, संगरूर, पटियाला, फतेहगढ़ साहिब, मोरिंडा और रूपनगर से होते हुए 3 दिसंबर को श्री खुरालगढ़ साहिब पहुंचेगी।”
उन्होंने बताया कि, “चौथी शोभायात्रा 30 नवंबर को पड़ोसी राज्य जम्मू से शुरू होकर पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर और होशियारपुर से होते हुए अन्य शोभायात्राओं के साथ 3 दिसंबर को श्री खुरालगढ़ साहिब में संपन्न होगी।”
वित्त मंत्री ने आगे कहा, “श्री खुरालगढ़ साहिब में चारों शोभायात्राओं के पहुंचने के बाद मुख्य धार्मिक समारोहों की औपचारिक शुरुआत 4 दिसंबर को श्री अखंड पाठ साहिब के शुभारंभ के साथ होगी।”
उन्होंने बताया, “श्री गुरु रविदास जी महाराज की पवित्र शिक्षाओं और विरासत को समर्पित इन श्रद्धामय समारोहों के पहले चरण का समापन 6 दिसंबर को श्री अखंड पाठ साहिब के भोग के साथ होगा।”

























