चंडीगढ़: पंजाब के कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने नशों के विरुद्ध भगवंत मान सरकार की ज़ीरो टॉलरेंस नीति को दोहराते हुए आज कहा कि सरकार के नशा विरोधी अभियान ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ के तहत लोगों की भागीदारी बढ़ाकर नशा तस्करों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है और नशे की समस्या से पीड़ित लोगों के पुनर्वास के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब भर में वार्ड और गांव सुरक्षा समितियों के माध्यम से 1.26 लाख से अधिक सदस्यों को लामबंद किया गया है, जबकि हज़ारों नशा तस्करों को गिरफ़्तार करने के साथ-साथ नशे के कारोबार के माध्यम से अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों को भी ध्वस्त किया गया है।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने कहा, “भगवंत मान सरकार राज्य से नशों के खात्मे के लिए ज़मीनी स्तर पर लगातार काम कर रही है। ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान के तहत हमने ऐसी रणनीति अपनाई है, जिसमें लोगों की भागीदारी, नशा तस्करों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई और नशे की समस्या से पीड़ित लोगों का पुनर्वास शामिल है। हमारा लक्ष्य स्पष्ट है—पंजाब को नशों से मुक्ति दिलाना।”
कैबिनेट मंत्री ने कहा, “इस लड़ाई को ज़मीनी स्तर पर मज़बूत करने के लिए पूरे पंजाब में वार्ड और गांव सुरक्षा कमेटियों का योजनाबद्ध तरीके से गठन किया गया है। राज्य भर में 1.26 लाख से अधिक सदस्यों को लामबंद करके लोगों की भागीदारी को मज़बूत किया जा रहा है ताकि नशों के विरुद्ध अभियान हर गांव और हर वार्ड तक पहुंच सके।”
उन्होंने कहा, “हमने नशों की आपूर्ति श्रृंखला के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई शुरू की है। नशा बेचने वालों और तस्करों द्वारा अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों को ज़ब्त करने और ध्वस्त करने की कार्रवाई लगातार जारी है ताकि उनके नेटवर्क को निष्क्रिय करके नशों के अवैध कारोबार की कमर तोड़ी जा सके।”
विपक्षी दलों पर कड़ा प्रहार करते हुए बरिंदर कुमार गोयल ने कहा कि वे नशों की समस्या से निपटने के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों को स्वीकार करने के बजाय राजनीतिक दिखावा कर रहे हैं और पंजाब को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “हम विपक्ष की तरह दिखावा करने के बजाय ज़मीनी स्तर पर काम करके परिणाम दे रहे हैं। जब हम नशों के खात्मे के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं, तब विपक्षी दल पंजाब के भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों के संबंध में भ्रामक बयानबाज़ी करके राज्य को बदनाम करने में जुटे हुए हैं।”
उन्होंने कहा, “कानून-व्यवस्था बनाए रखने और नशों पर नियंत्रण के मामले में पंजाब की स्थिति विपक्षी दलों के शासन वाले राज्यों की तुलना में कहीं बेहतर है। राजनीतिक दलों को लोगों को गुमराह करने और राजनीतिक बयानबाज़ी करने के बजाय अपने शासन वाले राज्यों के रिकॉर्ड पर नज़र डालनी चाहिए।”
भगवंत मान सरकार की कार्यशैली की तुलना विपक्षी दलों के पिछले कार्यकाल से करते हुए बरिंदर कुमार गोयल ने कहा, “विपक्ष की तरह हमने केवल दिखावे के लिए नशा विरोधी मार्च नहीं निकाले और न ही 10 से 12 दिनों में नशे खत्म करने के दावे करके राजनीतिक नाटकबाज़ी की। हमने गुटका साहिब की झूठी शपथ भी नहीं खाई। हमारा दृष्टिकोण लगातार ज़मीनी स्तर पर काम करके ठोस परिणाम देने का रहा है।”
उन्होंने कहा कि ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान पिछले लगभग डेढ़ से दो वर्षों से चल रहा है और इसके सार्थक परिणाम सामने आ रहे हैं। हज़ारों नशा तस्करों को गिरफ़्तार किया गया है और नशे की लत से पीड़ित लोगों को नशा मुक्ति केंद्रों में भेजा गया है। इसके अलावा नशा तस्करी के माध्यम से अर्जित संपत्तियों को भी ध्वस्त किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नशों के नेटवर्क को तोड़ने के लिए इस तरह की निरंतर और सख़्त कार्रवाई ज़रूरी है।
भगवंत मान सरकार के प्रशासनिक एजेंडे का उल्लेख करते हुए कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने कहा, “मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार ने सत्ता में आने से पहले लोगों से किए गए वादों को पूरा किया है। हम ठोस कार्रवाई और जवाबदेह प्रशासन के माध्यम से लोगों से किए गए वादों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
उन्होंने कहा, “हमने लोगों से किया हर वादा पूरा किया है। नशों के नेटवर्क का सफाया करने और पर्यावरण संरक्षण संबंधी नीतियों को प्रभावी ढंग से लागू करके हम पंजाब के युवाओं के भविष्य को सुरक्षित बनाने के साथ-साथ भूजल के हमारे बहुमूल्य भंडारों की रक्षा भी कर रहे हैं।”
राज्य के व्यापक हितों के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार नशों के विरुद्ध कार्रवाई और तेज़ करती रहेगी। इसके साथ ही जनकल्याण, पर्यावरण संरक्षण और नागरिकों की भलाई को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने कहा, “हमारा सपना एक खुशहाल, स्वस्थ और नशामुक्त पंजाब का निर्माण करना है। हम अपने युवाओं की रक्षा करने, नशा तस्करी के नेटवर्क को तोड़ने और राज्य के प्रत्येक नागरिक के लिए सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास करते रहेंगे।”



























